Significance Of Ruling Planets As Per Different Mythologies

Vedic astrology is a spiritual study that seeks meaning in the movement of the stars and planets in our solar system. We all have unique strengths and weaknesses based on the day we were born, according to astrology. Get an astrology consultation onine with a Vedic astrologer in USA. Mr. Alok Khandelwal is a world-renowned […]

Why Is Astrology Consultation Necessary Before Starting A Business?

The corporate environment evolves on a daily basis. Every day brings new hurdles, and having a variety of support networks and tools to handle this setback is critical. It is here that business astrology may assist businesses. It’s a good idea to consult an astrologer or make an appointment with an astrologer. Astrology will guide […]

जन्मकुंडली के इस भाव में गुरु देते हैं सर्वश्रेष्ठ फल!

ज्योतिष में गुरु को सबसे शुभ ग्रहों में से एक माना जाता है । जिस जातक की जन्म कुंडली में गुरु अच्छी स्थिति में हों उसके पास  विद्या , बुद्धि व विवेक की कोई कमी नहीं रहती । जन्म कुंडली का अध्ययन करते समय इस बात का विशेष ध्यान रखा जाता है कि कौन सा […]

अंक ज्योतिष के अनुसार जानें अपना शुभ रंग व शुभ दिशा !

रंगों के मामले में हमारी पसंद एक दूसरे से अलग होती है । हर व्यक्ति का अपना पसंदीदा रंग होता है । लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि अंक ज्योतिष में उनके लिए एक शुभ रंग भी बताया गया है । अगर व्यक्ति का शुभ रंग ही पसंदीदा रंग बन जाए तो इससे बेहतर […]

वास्तु शास्त्र में चारों दिशाओं का क्या महत्व है ?

वास्तु और दिशा एक दूसरे के पूरक कहे जा सकते हैं । वास्तु शास्त्र में सबसे अधिक महत्वपूर्ण दिशा को ही माना गया है । जब भी हम यह सुनते हैं कि इस जगह का वास्तु ठीक नहीं है या इस घर में वास्तु दोष है तो अधिकांश मामलों में वास्तु दोष का यही अर्थ […]

हथेली की इस रेखा से टल जाते हैं बड़े बड़े संकट !

हथेली की रेखाएं हमारे जीवन की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं । हाथ की रेखाओं के माध्यम से हम अपने जीवन के प्रश्नों का उत्तर ढूंढ सकते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि हमारी हथेली में एक रेखा ऐसी भी होती है जिसकी स्थिति अच्छी होने पर हमारे जीवन से कई […]

जन्मकुंडली में सूर्य राहु युति का प्रभाव भाग-3

जन्म कुंडली के प्रथम भाव से लेकर अष्टम भाव तक सूर्य राहु युति के प्रभावों को हम पिछले दो भागों में समझ चुके हैं । अभी तक के सभी भावों में यही सामान्य प्रभाव देखने को मिला है कि जन्म कुंडली में सूर्य राहु युति के प्रभाव से जातक के आत्मविश्वास में कमी आती है […]

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